जन जैव विविधता पंजिका

स्थानीय जैव संसाधनों और पारंपरिक ज्ञान का दस्तावेजीकरण।

बिहार जैव विविधता नियमावली, 2017 को नियम-25 (6) के अनुसार जैव विविधता प्रबंधन समिति का मुख्य कार्य स्थानीय जनों के परामर्श से "जन-जैव विविधता पंजी" तैयार करना है। इस पंजी में बी०एम०सी० के क्षेत्राधिकार में उपलब्ध सभी जैव विविधताओं, जिसमें क्षेत्र की पारिस्थितिकी, संस्कृति, अध्यात्म, औषधीय एवं अन्य पारम्परिक ज्ञान तथा जैव संसाधनों से सम्बन्धित प्रचलित स्थानीय प्रथा का अभिलेखीकरण निर्धारित प्रपत्र में किया जाएगा।

जन जैव विविधता पंजी तैयार करने के लिए पर्षद् द्वारा सभी जैव विविधता प्रबंधन समितियों को मार्गदर्शन तथा तकनीकी सहायता प्रदान किया जायेगा जिसमें विभिन्न ब्योरों का विस्तृत विवरण संकलित करने हेतु प्रपत्र तैयार करना शामिल होगा। समय-समय पर जैव विविधता प्रबंधन समिति द्वारा जन जैव विविधता पंजी में पूर्व अंकित आँकड़ों / ब्योरों का सत्यापन तथा अद्यतीकरण किया जायेगा।

जैव विविधता प्रबंधन समिति द्वारा अपने क्षेत्राधिकार में उपलब्ध जैविक संसाधनों तथा पारम्परिक ज्ञान तक प्रदान किये गये पहुँच का विस्तृत विवरण एक अलग पंजी में संधारित किया जायेगा, जिसमें अधिरोपित संग्रहण फीस, उनसे व्युत्पन्न लाभों तथा उनके हिस्सेदारी की पद्धति की विस्तृत विवरणी की प्रविष्टि सम्मिलित रहेगी।

जन-जैव विविधता पंजी, जैव संसाधनों एवं संबंधित पारंपरिक ज्ञान पर स्थानीय लोगों का अधिकार निर्धारित करने में एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है।

पी० बी० आर० दस्तावेज़ीकरण की स्थिति

क्र.सं.स्थानीय निकाय का स्तरस्थानीय निकायों की संख्यापी० बी० आर० की संख्याशेष
1ग्राम पंचायत स्तर805380530
2प्रखंड स्तर5335330
3जिला स्तर38380
4नगर निकाय स्तरीय2610261
5कुल88868624261

दिशा-निर्देश

  • लोक जैव विविधता पंजिका निरूपित किये जाने हेतु दिशा-निर्देश के लिए कृपया यहां क्लिक करें (pdf download)
    डाउनलोड
जीआईएस मानचित्र